राष्ट्रीय पक्षी कौवा बताये जाने जैसे अनेक उत्तरों पर उत्तराखण्ड संयुक्त बीएड एमएड परीक्षा पर उठे सवाल

अल्मोड़ा। एसएसजे विश्वविद्यालय की ओर से पहली बार आयोजित उत्तराखंड संयुक्त बीएड और एमएड प्रवेश परीक्षा 16 अगस्त को हुई, 17 अगस्त को दोनों परीक्षाओं की उत्तर कुंजिकाएं विवि की वेबसाइट पर अपलोड की गई तो परीक्षा में शामिल परीक्षार्थियों को विश्वविद्यालय प्रशासन की लापरवाही साफ तौर पर नजर आई क्योंकि उत्तर कुंजिकाओं में कई प्रश्न के उत्तर गलत दिखाए गये हैं।

अपलोड की गई उत्तर कुंजिकाओं में देश का राष्ट्रीय पक्षी कौआ बताया गया, वहीं उत्तराखंड को क्षेत्रफल के लिहाज से देश का सबसे छोटा राज्य दिखाया गया। भारत से लगी सबसे लंबी सीमा वाला देश पाकिस्तान को बताया गया था। 

उत्तराखण्ड विकास पार्टी ने इसे परीक्षार्थियों के हितों के साथ कुठाराघात बताया और कहा कि जरूर ही परीक्षा लेने वाले हाकम विश्विद्यालय से डिग्री प्राप्त हैं क्योंकि प्रश्नपत्रों के उतरो की खामियां महज तकनीकी खामी नहीं है। उत्तराखण्ड विकास पार्टी के सचिव एडवोकेट जगदीश चन्द्र जोशी ने कहा कि कौवे को राष्ट्रीय पक्षी बताना, उत्तराखण्ड को क्षेत्रफल के हिसाब से सबसे छोटा राज्य बताना, उत्तराखण्ड से राज्य सभा की कुल सीटें दो और एफआरआई का मुख्यालय हल्द्वानी बताना, बताता है कि सामान्य जन को भी जो बातें अमूमन पता होती हैं उनका भी ज्ञान विश्व विद्यालय के विद्वान शिक्षकों को नहीं है।

ऐसे बेतुके उत्तरों पर विवि प्रशासन का जवाब है कि तकनीकी खामी के चलते ये अपलोड हो गए थे। जबकि साफ तौर पर विद्यार्थी इसे विश्वविद्यालय की लापरवाही मान रहे हैं। हालांकि बाद में छात्रों की शिकायत पर विवि ने इसे वेबसाइट से हटाकर नयी उत्तर कुंजी अपलोड की है।

पांच हजार से अधिक परीक्षार्थियों ने दी थी  ये परीक्षा। अल्मोड़ा के सोबन सिंह जीना विवि को नोडल बनाकर बीएड व एमएड में प्रवेश की संयुक्त परीक्षा कराने का जिम्मा मिला था। परीक्षा में 5,352 छात्र-छात्राएं शामिल हुये।  17 अगस्त को उत्तरपुस्तिका ऑनलाइन हुई तो ये गड़बड़ियां सामने आईं।

सेक्शन ए के सभी प्रश्नों के उत्तर सही हैं. तकनीकि खामिया रहीं जिस कारण अन्य सेक्शन में कम्प्यूटर में जम्बलिंग से गलत उत्तर अपलोड हो गए थे. मामला संज्ञान में आने पर पुरानी आंसर सीट हटा दी गई है. वेबसाइट पर नई आंसर सीट अपलोड कर दी गई है.

-डॉ. डीएस बिष्ट, कुलसचिव एसएसजे विवि-

उत्तर कुंजी में मिली खामियांसेक्शन डी की उत्तर कुंजी में भारत का राष्ट्रीय पक्षी कौआ बता दिया गया। एफआरआई का मुख्यालय हल्द्वानी, उत्तराखंड में राज्यसभा की कुल सीटें दो और पिथौरागढ़ को तिब्बत से जोड़ने वाले दरें को जोजीला दिखा दिया। जबकि भारत का राष्ट्रीय पक्षी मोर, एफआरआई देहरादून में, राज्यसभा सांसद तीन और पिथौरागढ़ को तिब्बत से जोड़ने वाला दर्रा लिपुलेख है। इसके अलावा भारत को जोड़ने वाली सबसे लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा में बांग्लादेश की जगह पाकिस्तान का नाम दर्ज कर दिया गया।

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